चंपावत। जनपद में विद्याज्ञान योजना के जरिए अपनी तकदीर बदलने वाले बच्चों के अभिभावकों के सामने सबसे बड़ी समस्या स्थाई निवास प्रमाण पत्र बनाने की हो गई है। मालूम हो कि विद्याज्ञान योजना के तहत ठेठ ग्रामीण क्षेत्र के गरीब लोगों को जिनके बच्चे पांचवी कक्षा में अध्ययन कर रहे हैं उनके द्वारा विद्याज्ञान योजना में अपने को शामिल करने के लिए जो जरूरी प्रमाण पत्र जमा करने हैं उसमें स्थाई निवास प्रमाण पत्र बनाने में अभिभावकों को भारी दिक्कतें हो रही है। हालांकि जिलाधिकारी की पहल पर आवेदन करने वाले छात्रों के बड़ी तादात है और आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 20 अक्टूबर निर्धारित की गई है। यदि समय से बच्चों का स्थाई निवास प्रमाण पत्र नहीं बन पाया तो वे मुफ्त में उच्च शिक्षा पाने से वंचित रह जायेंगे।
