*गंगा गाय महिला डेरी योजना संचालन ।
चंपावत । गंगा गाय महिला डेरी योजनान्तर्गत 02, 03 एवं 05 दुधारू पशुओं की इकाई स्थापना के सम्बन्ध में उपरोक्त विषयक अवगत कराना है कि विभाग अन्तर्गत संचालित गंगा गाय महिला डेरी योजना सम्बद्ध राज्य समेकित सहकारी विकास परियोजना (NCDC), वित्तीय वर्ष 2024-25 में समाप्त होने के कारण तथा शासन के निर्देशानुसार पशुपालन विभाग की गौ-पालन योजना एवं डेरी विकास विभाग की गंगा गाय महिला डेरी योजना में एकरूपता स्थापित किये जाने हेतु शासन को उपलब्ध कराये गये योजना संशोधन प्रस्ताव की स्वीकृति में विलम्ब होने के कारण उत्तराखण्ड़ शासन द्वारा गंगा गाय महिला डेरी योजना अन्तर्गत वित्तीय स्वीकृति जारी की गयी है। और साथ ही वर्तमान में दुग्ध संघ चंपावत में 263 समितियां कार्यरत है जिससे जनपद चंपावत में प्रत्यक्ष रूप से 582 दुग्ध उत्पादक अर्थात 5082 परिवार सीधे-सीधे जुड़े हो और साथ ही पूर्व में गंगा गाय महिला डेरी योजना के राज्य समेकित सहकारी विकास परियोजना (NCDC) से सम्बद्धता के समय सामान्य वर्ग के सदस्यों हेतु 02, 03 एवं 05 दुधारू पशुओं की इकाई स्थापना हेतु कुल 50 प्रतिशत अनुदान तथा अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति एवं महिला वर्ग हेतु कुल 75 प्रतिशत अनुदान संयुक्त रूप से उपलब्ध कराया जाता था जिसमे 02. 03 एवं 05 दुधारू पशुओं की इकाई स्थापना हेतु कमशः 6.25 प्रतिशत, 6.61 प्रतिशत एवं 6.49 प्रतिशत अंश राज्य समेकित सहकारी विकास परियोजना (NCDC) का सम्मिलित था। गंगा गाय महिला डेरी योजना संचालन हेतु शासन को निम्न व्यवस्था के अनुसार उपलब्ध कराये गये विभागीय प्रस्ताव के कम में वित्तीय स्वीकृति प्राप्त हुई है- और साथ ही दुग्ध संघ प्रबंधक गंगा शरण द्वारा जानकारी दी गई है
सामान्य वर्ग में
दुधारू पशु संख्या 02
इकाई लागत 160000
लाभार्थी अंश 0.16000
ऋण धनराशि 0.74000
राज्य अनुदान धनराशि 0.70000(43.75%
अनुसूचित जाति में
दुधारू पशु संख्या 02
इकाई लागत 160000
ऋण धनराशि 0.50000
राज्य अनुदान धनराशि 1.10000(68.75%)
